गेहूं में जिंक की कमी: लक्षण, समाधान और छिड़काव की सही विधि
(सभी तस्वीरें- हलधर)रामसिंह, श्रीगंगानगर
हलधर टाइम्स। गेहूं में जस्ते की कमी के कारण पौधों की ऊंचाई घट जाती है और पत्तियां छोटी पड़ जाती हैं। पौधों के बीच की पत्तियों में सफेद भूरे धब्बे आ जाते हैं। अधिक कमी होने पर पत्तियां सफेद पड़ कर मर जाती हैं। खड़ी फसल में जिंक सल्फेट के 0.5 प्रतिशत घोल का छिड़काव बुवाई के 30 दिन बाद करें और इसे 15 दिन बाद पुन: दोहरायें। घोल बनाने के लिये एक किलो जिंक सल्फेट और 0.5 (आधा) किलो बिना बुझा चूने को 200 लीटर पानी में घोल लें। लोहे के चाकू से यह देख लें कि घोल उदासीन है। यह घोल एक एकड़ फसल के लिये पर्याप्त होगा।