प्याज की नर्सरी तैयार करने का वैज्ञानिक तरीका जानें
(सभी तस्वीरें- हलधर)प्याज की मजबूत पौध तैयार करने का आसान फॉर्मूला
नर्सरी, भूमि से 20-25 सेमी ऊँची होनी चाहिए। नर्सरी 1 मीटर चौड़ी और 3 मीटर लंबी रखनी चाहिये। इसके चारों ओर 30 सेमी का रास्ता छोड़ना चाहिये। यदि रोग लगने की सम्भावना हो तो, बीज और नर्सरी की मिट्टी को कवकनाशी जैसे थाइरम अथवा कैप्टान आदि से उपचारित करना चाहिए। 2-3 ग्राम दवा प्रति किलो बीज के लिए पर्याप्त होती है। भूमि उपचार करने के लिए 4-5 ग्राम दवा प्रति वर्ग मीटर भूमि के लिए आवश्यक है।
पौध तैयार करने वाली मिट्टी को बुवाई से 15-20 दिन पहले पानी देकर सफेद पॉलिथीन से ढककर ‘सोलराईजेशन’ अथवा बुवाई से पहले ट्राइकोडर्मा विरिड कवक से उपचारित करने से भी आर्द्रगलन कम होता है। खरीफ में 6-7 सप्ताह में पौध रोपाई के लिए तैयार हो जाती है। बीज को 5-6 सेमी की दूरी पर कतारों में बोना चाहिये। बीज की बुवाई के बाद आधा सेमी तक सड़ी हुई गोबर की खाद और मिट्टी के बीज को पूर्णतया ढक देते हैं।