35 लाख किसानों को मिलेगा ब्याज मुक्त ऋण, 25 अरब की सहकारिता अनुदान मांगें पारित
35 लाख किसानों को मिलेगा ब्याज मुक्त ऋण, 25 अरब की सहकारिता अनुदान मांगें पारित
(सभी तस्वीरें- हलधर)राजस्थान विधानसभा में शुक्रवार को चर्चा के बाद सदन ने सहकारिता विभाग की 25 अरब 7 करोड़ 75 लाख 63 हजार रुपए की अनुदान मांगें ध्वनिमत से पारित कर दिया। प्रदेश के सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक ने कहा कि राज्य सरकार का गांव से लेकर शहर तक और खेत से लेकर बाजार तक सहकारिता को विकास की मुख्यधारा बनाने पर पूरा जोर है। प्रदेश में ‘सहकार से समृद्धि’ अभियान के तहत हर किसान, युवा और महिला को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब सहकारिता की शक्ति, नवाचार की ऊर्जा और युवाओं का उत्साह एक साथ जुड़ेगा तो राजस्थान विकास की नई ऊंचाइयों को छूएगा।
50 हजार करोड़ से अधिक का ब्याजमुक्त फसली ऋण
सहकारिता राज्य मंत्री दक ने बताया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में अब तक किसानों को खाद-बीज और अन्य कृषि आवश्यकताओं के लिए 50 हजार करोड़ रुपए से अधिक के ब्याजमुक्त अल्पकालीन फसली ऋण वितरित किए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2026-27 के बजट में भी 25 हजार करोड़ रुपए के ब्याजमुक्त फसली ऋण का प्रावधान किया गया है। इससे प्रदेश के 35 लाख किसान लाभान्वित होंगे। सहकार जीवन सुरक्षा बीमा योजना में किसानों के प्रीमियम भार में 175 करोड़ रुपए की कमी की गई है। साथ ही 1 प्रतिशत अंशदान से रिस्क फंड बनाकर दो वर्षों में किसानों के लगभग 350 करोड़ रुपए बचाए गए हैं।
किसानों को 10 हजार करोड़ की सम्मान निधि
मंत्री गौतम कुमार दक ने बताया कि राज्य में मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत अब तक किसानों के खातों में 10 हजार करोड़ रुपए हस्तांतरित किए जा चुके हैं। भंडारण क्षमता बढ़ाने के लिए पैक्स स्तर पर 500 मीट्रिक टन क्षमता के 200 गोदाम सहित कुल 600 गोदाम बनाए जा रहे हैं। राजस्थान सहकारी गोपाल क्रेडिट कार्ड योजना के तहत दो वर्षों में 1 लाख गोपालक किसानों को 1 लाख रुपए तक के ब्याजमुक्त ऋण प्रदान किए गए हैं।
एमएसपी पर रिकॉर्ड दलहन-तिलहन खरीद
सहकारिता राज्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में राजफेड द्वारा 6.57 लाख किसानों से 11 हजार करोड़ रुपए मूल्य का 17.38 लाख मीट्रिक टन दलहन-तिलहन खरीदा गया है। खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए 10 हजार फर्जी रजिस्ट्रेशन रद्द किए गए, जबकि 7 पटवारियों को निलंबित किया गया और अन्य संबंधित कर्मियों पर भी कार्रवाई की गई।
43 हजार सहकारी समितियां, आमसभा अनिवार्य
सहकारिता राज्य मंत्री गौतम कुमार दक ने बताया कि राज्य में वर्तमान में लगभग 43 हजार सहकारी समितियां कार्यरत हैं, जिनसे 1 करोड़ 35 लाख से अधिक सदस्य जुड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि सहकारी समितियों में पारदर्शिता के लिए आमसभा अनिवार्य की गई है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सहकार मसाला मेले की सफलता के बाद तीन संभाग मुख्यालयों पर भी सहकार मेले आयोजित किए गए हैं। राज्य में 40 के लक्ष्य के विरुद्ध 232 श्रीअन्न आउटलेट्स खोले जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि उदयपुर में सहकारी क्षेत्र की पहली ‘बाइक ऑन रेंट’ सेवा शुरू की गई है, जबकि जयपुर में ‘भारत टैक्सी’ सेवा शीघ्र प्रारंभ होगी। मंत्री दक ने कहा कि सहकारी समितियां अब जिम, हेल्थ केयर सेंटर, सॉर्टिंग-ग्रेडिंग सेंटर, लाइब्रेरी, कौशल केंद्र, सोलर प्लांट और वाटर हार्वेस्टिंग प्लांट जैसी गतिविधियां संचालित कर रही हैं। उन्होंने बताया कि संचालक मंडलों के प्रशिक्षण के लिए प्रत्येक जिले में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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