किसानों की तरक्की से ही मजबूत बनेगा प्रदेश : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा
किसानों की तरक्की से ही मजबूत बनेगा प्रदेश : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा
(सभी तस्वीरें- हलधर)Farmer Welfare: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा है कि किसानों और पशुपालकों की आर्थिक मजबूती से ही गांव, प्रदेश और देश का विकास संभव है। उन्होंने किसानों से आधुनिक तकनीक, प्राकृतिक खेती और सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर अपनी आय बढ़ाने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने नागौर जिले के डेगाना क्षेत्र के तिलानेश गांव में आयोजित ग्राम विकास चौपाल के दौरान किसानों, पशुपालकों और युवाओं से संवाद किया।
किसानों को मिल रहा योजनाओं का लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार किसानों के हित में लगातार काम कर रही हैं। किसानों को आर्थिक सहायता देने के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के साथ राज्य सरकार की अतिरिक्त सहायता मिलाकर किसानों को सालाना आर्थिक सहयोग दिया जा रहा है। इसके अलावा फसल बीमा, ब्याज मुक्त फसली ऋण और कृषि उपकरणों पर अनुदान जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं।
पानी और बिजली पर विशेष ध्यान
उन्होंने कहा कि खेती की सफलता के लिए पानी सबसे जरूरी है। इसी उद्देश्य से विभिन्न जल परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है ताकि किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिल सके। साथ ही राज्य के कई जिलों में किसानों को दिन के समय बिजली उपलब्ध कराई जा रही है और जल्द ही यह सुविधा पूरे प्रदेश में पहुंचाने का लक्ष्य है।
प्राकृतिक खेती और नई तकनीक अपनाने की सलाह
मुख्यमंत्री ने किसानों से रासायनिक खेती पर निर्भरता कम करने और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की अपील की। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक, बेहतर बीज और कृषि प्रसंस्करण इकाइयों के माध्यम से किसान अपनी उपज का बेहतर मूल्य प्राप्त कर सकते हैं। इससे खेती अधिक लाभदायक बनेगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
पशुपालकों और युवाओं को भी मिल रहा सहयोग
उन्होंने बताया कि पशुपालकों के लिए भी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनसे उन्हें आर्थिक सुरक्षा मिल रही है। वहीं युवाओं को स्वरोजगार और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए ऋण और प्रशिक्षण जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। इससे गांवों में रोजगार बढ़ रहा है और युवा अपने क्षेत्र में ही बेहतर भविष्य बना रहे हैं।
किसानों ने साझा किए अनुभव
कार्यक्रम में कई प्रगतिशील किसानों और युवा उद्यमियों ने अपनी सफलता की कहानियां साझा कीं। उन्होंने बताया कि सरकारी योजनाओं और नई तकनीकों की मदद से उनकी आय में बढ़ोतरी हुई है। किसानों ने कहा कि यदि सही जानकारी और संसाधन मिलें तो खेती और पशुपालन को लाभदायक व्यवसाय बनाया जा सकता है।