62.58 लाख किसानों को मिला फसल बीमा का लाभ
(सभी तस्वीरें- हलधर)जयपुर। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत वर्ष 2025-26 में राज्य के लगभग 2 करोड़ 82 लाख हैक्टयर फसली क्षेत्र में 1 करोड़ हैक्टयर से अधिक क्षेत्र को बीमित किया गया है, जो देश में सर्वाधिक है। करीब 62 लाख 58 हजार किसानों को योजना लाभ मिला बता दे कि योजना इस योजना के माध्यम से प्राकृतिक आपदाओं और प्रतिकूल मौसम के कारण फसल को हुए नुकसान की स्थिति में किसानों को आर्थिक सुरक्षा उपलब्ध कराई जाती हैं | योजना में वर्ष 2025-26 में चूरू में 13 लाख 35 हजार हैक्टयर से अधिक, बाड़मेर में 11 लाख 48 हजारहैक्टयर और बीकानेर में 9 लाख 27 हजार हैक्टयर से अधिक क्षेत्र को बीमित किया गया है। चूरू में 77 प्रतिशत, बाड़मेर में 69 प्रतिशत और नागौर में 47 प्रतिशत सकल फसली क्षेत्र का बीमा कवरेज हुआ है।
करोड़ो रुपये के दावों का भुगतान
वर्ष 2025-26 तक गत पांच वर्षों में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना के तहत कुल 5 करोड़ 21 लाख हैक्टयर से अधिक क्षेत्र को बीमित किया गया , साथ ही किसानों द्वारा 4 हजार 650 करोड़ रुपये से अधिक का प्रीमियम जमा किया गया, जो देशभर में सबसे अधिक है। इस दौरान राज्य में 18 करोड़ 81 लाख से अधिक आवेदन नामांकित हुए और किसानों को 18 हजार 189 करोड़ रुपये से अधिक के दावों का भुगतान किया गया। खरीफ और रबी सीजन को मिलाकर लगभग 1 लाख करोड़ रुपये की 7 करोड़ 53 लाख से अधिक की फसल पॉलिसियां जारी की गईं। इसमें बीमा दावों के अंतर्गत 4 हजार 498 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि वितरित की गई।
क्या है प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों को प्राकृतिक आपदाओं (ओलावृष्टि, सूखा, अकाल), कीटों और बीमारियों के कारण फसल के नुकसान से वित्तीय सुरक्षा प्रदान करती है। इसमें किसानों को लागत प्रभावी प्रीमियम पर फसल बीमा दिया जाता है। योजना के तहत किसान, राज्य सरकार और केंद्र सरकार मिलकर प्रीमियम का भार वहन करते हैं। अगर बीमित फसल को निर्धारित जोखिमों के कारण नुकसान होता है, तो पात्र किसान को बीमा दावे के माध्यम से आर्थिक राहत दी जाती है।