फूलों की खेती से कमाना है बड़ा मुनाफा? तो करना होगा ये काम
(सभी तस्वीरें- हलधर)फूलों की खेती कर रहे किसानों को बड़ा मुनाफा कमाने के लिए समय-समय पर विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है। फूलों में लगने वाले रोग पूरी मेहनत पर पानी फेर सकते हैं। इन्हीं में से एक नाम है पाउडरी मिल्ड्यू (चूर्णिल आसिता)। फूलों में यह रोग फफूद के द्वारा होता है। पाउडरी मिल्ड्यू रोग के प्रभाव से नयी छोटी पत्तियां ऐठ जाती है। रोग लगने पर कलियां खिलती नहीं है।
इसके साथ ही प्रकाश संश्लेषण की क्रिया प्रभावित होती है। इसके कारण फूलों की उपज पर असर पड़ता है और उत्पादन घट जाता है। विशेष ध्यान देने वाली बात ये है कि यह रोग मौसम में अचानक परिवर्तन के कारण यह रोग ज्यादा लगता है।
रोकथाम के लिए करें ये वैज्ञानिक उपाय
फूलों की खेती में पाउडरी मिल्ड्यू रोग के लक्षण दिखाई देने पर कैराथेन 1 मिली अथवा घुलनशील गंधक 2 मिली प्रति लीटर पानी में घोलें। घोल का 15 दिन के अंतराल पर 2-3 बार छिड़काव करें। इस घोल का छिड़काव करने से फूलों के पौधों में पाउडरी मिल्ड्यू के खतरे को नियंत्रित किया जा सकता है।