कृषि विपणन निदेशालय का अल्टीमेटम, 72 घंटे में मांगा जवाब
(सभी तस्वीरें- हलधर)किसान महापंचायत युवा प्रदेशाध्यक्ष रामेश्वर प्रसाद चौधरी द्वारा निवाई कृषि उपज मंडी समिति में फर्जी पुलिस चौकी खोलने एवं नियमों विपरित जाकर स्वयं के भांजे को फायदा पहुंचाने की शिकायत जिला कलेक्टर टोंक से करने के उपरांत उपखंड अधिकारी निवाई द्वारा जांच रिपोर्ट में दोषी ठहराए कर कृषि निदेशक कृषि विपणन विभाग जयपुर को कार्यवाही के लिए पत्र लिखा था।
भांजे को क्यों दिया टेंडर
निदेशालय कृषि दोष साबित होने के उपरांत मंडी सचिव कमल किशोर सोनी को पांच बिंदू पर स्पष्टीकरण मांगा है। जिसमें कहा गया है कि, अस्थाई पुलिस चौकी खोलने से पूर्व पुलिस के उच्चाधिकारियों से अनुमति क्यों नहीं ली। लघु निर्माण कार्य में जनरेटर रूम की मरम्मत नहीं करा सकते, इसके लिए प्रथक से बजट की मांग को नहीं की गई। जनरेटर रुम का निर्माण कार्य क्यों कराया गया और खुद के रिश्ते में भांजे को टेंडर क्यों दिया गया।
दोषियों को करें निलंबित
15 दिन खत्म होने के बाद भी निदेशालय को सचिव की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई। उपखंड अधिकारी निवाई की जांच में भी सचिव द्वारा सहयोग नहीं दिया गया यह भी आरोप थे। जिला कलेक्टर टोंक द्वारा निदेशक कृषि विपणन विभाग जयपुर से संपर्क करके दोषी ठहराया गए कार्मिक को निलंबित कराएं।